Thekua Recipe in Hindi (ठेकुआ रेसिपी) बिहार और झारखंड की पारंपरिक मिठाई है, जिसे खासकर छठ पूजा में प्रसाद के रूप में बनाया जाता है। यह स्वादिष्ट, कुरकुरी और लंबे समय तक सुरक्षित रहने वाली मिठाई है। ठेकुआ को कई जगह “खजूर” भी कहा जाता है और यह नाश्ते और यात्रा में खाने के लिए भी बेहतरीन विकल्प है।
ठेकुआ का इतिहास (History of Thekua Recipe in Hindi)
ठेकुआ का इतिहास उत्तर भारत के गांवों और त्योहारों से जुड़ा हुआ है। छठ पूजा में यह मुख्य प्रसाद के रूप में अर्पित किया जाता है। पहले यह सिर्फ गुड़ और आटे से बनता था, लेकिन अब इसमें सूजी, नारियल और ड्राई फ्रूट्स का उपयोग भी किया जाता है।
Thekua Recipe in Hindi|किन-किन राज्यों में ठेकुआ प्रसिद्ध है? (Regional Popularity of Thekua)
- बिहार और झारखंड – यहाँ ठेकुआ सबसे ज्यादा लोकप्रिय है और छठ पूजा का मुख्य प्रसाद है।
- उत्तर प्रदेश (पूर्वांचल) – छठ पूजा और मेलों में ठेकुआ खूब पसंद किया जाता है।
- मध्य प्रदेश और छत्तीसगढ़ – बिहारी प्रवासी परिवारों की वजह से यहाँ भी यह मिठाई प्रसिद्ध है।
- दिल्ली और मुम्बई – बिहार-झारखंड से जुड़े लोग त्योहारों के समय इसे जरूर बनाते हैं।
👉 यानी ठेकुआ अब सिर्फ बिहार-झारखंड तक सीमित नहीं है, बल्कि पूरे भारत में इसकी लोकप्रियता बढ़ रही है।
Thekua Recipe in Hindi|ठेकुआ क्यों खाएं? (Why You Should Eat Thekua)
- यह पूरी तरह नेचुरल और शुद्ध सामग्री से बनता है।
- इसमें मौजूद गुड़ और घी शरीर को ऊर्जा और गर्माहट देते हैं।
- यह लंबे समय तक खराब नहीं होता, इसलिए यात्रा और त्योहारों में perfect है।
- यह बच्चों और बड़ों सभी को पसंद आता है।
Thekua Recipe in Hindi|मार्केट वाला ठेकुआ vs घर का ठेकुआ
| पहलू | मार्केट वाला ठेकुआ | घर का बना ठेकुआ |
|---|---|---|
| सामग्री | मैदा, रिफाइंड ऑयल, प्रिजर्वेटिव | गेहूं का आटा, देसी घी, गुड़ |
| स्वाद | बहुत मीठा और तैलीय | संतुलित और नेचुरल |
| सेहत पर असर | मोटापा और पाचन समस्या | हेल्दी एनर्जी स्नैक |
| स्टोरेज | जल्दी खराब हो सकता है | 7-10 दिन सुरक्षित |
Thekua Recipe in Hindi|ठेकुआ की न्यूट्रिशन वैल्यू (Nutrition Value of Thekua – 1 पीस, ~40g)
| पोषक तत्व (Nutrients) | मात्रा (Approx) |
|---|---|
| कैलोरी (Calories) | 180-200 kcal |
| कार्बोहाइड्रेट (Carbohydrates) | 30-32 g |
| प्रोटीन (Protein) | 2-3 g |
| फैट (Fat) | 6-8 g |
| फाइबर (Fiber) | 1-2 g |
| आयरन, मिनरल्स | गुड़ और आटे से मिलता है |
Thekua Recipe in Hindi|किस उम्र के लोगों को कितना ठेकुआ खाना चाहिए?
- बच्चे (5-12 साल): 1 ठेकुआ, कभी-कभी स्नैक के रूप में।
- युवा (13-30 साल): 2 ठेकुआ, चाय या नाश्ते के साथ।
- बुजुर्ग: 1 ठेकुआ, हल्का मीठा और कम घी वाला।
- डायबिटीज वाले लोग: बहुत सीमित मात्रा में, या चीनी रहित गुड़ वाले ठेकुए।
ठेकुआ बनाने के लिए सामग्री (Ingredients for Thekua Recipe in Hindi)
- गेहूं का आटा – 2 कप
- सूजी – 2 टेबल स्पून
- गुड़ – 1 कप (पिघला हुआ)
- इलायची पाउडर – ½ टीस्पून
- सौंफ – 1 टीस्पून
- नारियल बुरादा – 2 टेबल स्पून
- शुद्ध देसी घी – 3 टेबल स्पून
- तलने के लिए तेल/घी
ठेकुआ बनाने की विधि (Thekua Recipe n Hindi Step by Step Guide)
Step 1 – गुड़ की चाशनी तैयार करें

- एक कड़ाही में आधा कप पानी गर्म करें।
- इसमें कसा हुआ गुड़ डालें और धीमी आँच पर पकाएँ।
- जब तक गुड़ पूरी तरह घुल न जाए तब तक हिलाते रहें।
- ध्यान रहे कि गुड़ का पानी ज्यादा गाढ़ा न हो, बस हल्की चाशनी जैसी हो।
- इसे ठंडा होने दें।

Step 2 – आटा तैयार करें
- एक बड़े परात/बाउल में गेहूं का आटा और सूजी लें।
- इसमें सौंफ, इलायची पाउडर और नारियल का बुरादा डालें।
- अब इसमें घी डालकर अच्छी तरह से मिक्स करें।
- घी अच्छी तरह मिल जाने पर आटे में मुठी बांधने पर वह शेप ले लेगा।
- धीरे-धीरे गुड़ का पानी डालते हुए आटा गूंधें।
- आटा ज्यादा मुलायम न रखें, बल्कि थोड़ा सख्त होना चाहिए ताकि ठेकुआ अपना शेप ले सके।
Step 3 – ठेकुआ का आकार दें

- आटे से छोटी-छोटी लोइयां बना लें।
- हर लोई को हाथ या मोल्ड से गोल/अंडाकार आकार दें।
- चाहें तो कांटे/चम्मच से ऊपर डिज़ाइन बना सकते हैं।
- यही डिज़ाइन ठेकुआ को परंपरागत लुक देता है।
Step 4 – डीप फ्राई करें

- एक कढ़ाई में तेल या घी गरम करें।
- मध्यम आंच पर ठेकुआ डालें और गोल्डन ब्राउन होने तक तलें।
- एक बार में ज्यादा ठेकुए न डालें, वरना ठीक से कुरकुरे नहीं बनेंगे।
- दोनों तरफ से सुनहरा तलने के बाद इन्हें निकालकर पेपर नैपकिन पर रख दें।
Step 5 – सर्विंग और स्टोर करना
एयरटाइट डिब्बे में भरकर 8–10 दिन तक सुरक्षित रख सकते हैं।
आपके स्वादिष्ट, करारे और सुगंधित ठेकुए तैयार हैं।
इन्हें आप चाय, दूध या सीधे स्नैक के तौर पर खा सकते हैं।
ठेकुआ खाने के फायदे (Positive Side)
✔ गुड़ और घी से ऊर्जा मिलती है।
✔ बिना केमिकल और प्रिजर्वेटिव के।
✔ त्योहारों और पूजा का पारंपरिक महत्व।
✔ बच्चों और बड़ों सभी को पसंद आता है।
ठेकुआ खाने के नुकसान (Negative Side)
✘ ज्यादा खाने से वजन बढ़ सकता है।
✘ डायबिटीज मरीजों को सीमित मात्रा में ही खाना चाहिए।
✘ तला हुआ होने से अधिक मात्रा में खाने पर पाचन समस्या हो सकती है।
निष्कर्ष (Conclusion)
Thekua Recipe in Hindi (ठेकुआ रेसिपी) न सिर्फ बिहार और झारखंड बल्कि अब पूरे भारत में लोकप्रिय हो चुकी है। यह मिठाई परंपरा, स्वाद और सेहत का अनोखा मेल है। घर पर बना ठेकुआ मार्केट से ज्यादा शुद्ध और हेल्दी होता है। अगर आप त्योहार या परिवार के लिए आसान, स्वादिष्ट और पारंपरिक मिठाई बनाना चाहते हैं, तो ठेकुआ सबसे बेहतर विकल्प है।






